
भीलवाड़ा, 30 सितंबर।
संकटमोचन हनुमान मंदिर भीलवाड़ा के महामंडलेश्वर बाबूगिरी महाराज ने बुधवार शाम शास्त्रीनगर स्थित सूर्यमहल पहुंचकर चातुर्मास कर रहे राष्ट्र संत एवं प्रखर वक्ता मनोज्ञाचार्य पुलकसागर महाराज से मुलाकात की। उन्होंने आचार्यश्री के चरणों में श्रीफल अर्पित कर उनका अभिवादन किया।
इस दौरान दोनों संतों के बीच विभिन्न आध्यात्मिक एवं धार्मिक विषयों पर विचार-विमर्श हुआ। दोनों ने परस्पर मंगलभावना व्यक्त करते हुए समाज में आध्यात्मिक चेतना, सद्भाव और संस्कारों के प्रसार की आवश्यकता पर चर्चा की।
महामंडलेश्वर बाबूगिरी महाराज ने आचार्य पुलकसागर महाराज के चातुर्मास के दौरान भीलवाड़ा में आयोजित हो रहे ज्ञान गंगा महोत्सव की सराहना की। उन्होंने कहा कि चातुर्मास के माध्यम से भीलवाड़ा में ज्ञान एवं आध्यात्म की गंगा प्रवाहित हो रही है और विभिन्न धर्मों के श्रद्धालुओं को इसका लाभ लेने का अवसर मिल रहा है।
मुलाकात के दौरान आचार्य पुलकसागर महाराज ने अपनी प्रकाशित पुस्तकें महामंडलेश्वर बाबूगिरी महाराज को भेंट कीं। इस अवसर पर श्री पुलकसागर चातुर्मास समिति के अध्यक्ष प्रवीण चौधरी ने महामंडलेश्वर बाबूगिरी महाराज का स्वागत एवं सम्मान किया।
प्रवीण चौधरी ने आचार्यश्री के चातुर्मास के दौरान आयोजित की जा रही विभिन्न धार्मिक, आध्यात्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि चातुर्मास के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु आध्यात्मिक कार्यक्रमों से जुड़ रहे हैं।
मुलाकात के दौरान संतों के बीच हुए आध्यात्मिक संवाद को श्रद्धालुओं ने भी महत्वपूर्ण बताया। कार्यक्रम सौहार्दपूर्ण एवं आध्यात्मिक वातावरण में संपन्न हुआ।




