शाहपुरा, निकाय चुनाव को लेकर प्रशासन अलर्ट, हर मोर्चे पर कसी निगरानी
स्वतंत्र-निष्पक्ष चुनाव के लिए ब्लॉक लेवल प्रभारियों की बैठक; कानून-व्यवस्था से लेकर ईवीएम, प्रशिक्षण, शिकायत और मतदाता जागरूकता तक जिम्मेदारियां तय

निकाय चुनाव को लेकर प्रशासन अलर्ट, हर मोर्चे पर कसी निगरानी
स्वतंत्र-निष्पक्ष चुनाव के लिए ब्लॉक लेवल प्रभारियों की बैठक; कानून-व्यवस्था से लेकर ईवीएम, प्रशिक्षण, शिकायत और मतदाता जागरूकता तक जिम्मेदारियां तय
शाहपुरा, 2 सितंबर। मूलचन्द पेसवानी
नगर पालिका शाहपुरा के निकाय चुनाव 2026 को लेकर प्रशासन ने अब पूरी तरह कमर कस ली है। चुनाव शांतिपूर्ण, निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने चुनावी तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। बुधवार को उपखंड कार्यालय शाहपुरा में निर्वाचन से जुड़े ब्लॉक लेवल प्रभारियों की बैठक आयोजित कर विभिन्न प्रकोष्ठों और व्यवस्थाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
बैठक में अधिकारियों को साफ संदेश दिया गया कि चुनावी ड्यूटी में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निर्वाचन विभाग राजस्थान एवं जिला निर्वाचन कार्यालय से प्राप्त निर्देशों की अक्षरश: पालना सुनिश्चित करने तथा सभी चुनावी कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए गए।
निर्वाचन संबंधी तमाम व्यवस्थाओं की निगरानी रिटर्निंग अधिकारी एवं उपखंड अधिकारी बनवारी लाल सिनसिनवार के नेतृत्व में सुनिश्चित की जाएगी।

कानून-व्यवस्था पर पुलिस की पैनी नजर
चुनाव के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए पुलिस उपाधीक्षक नाना लाल को प्रभारी अधिकारी बनाया गया है।
उनके साथ तहसीलदार रणवीर सिंह एवं थानाधिकारी लीलाधर मालवीय के सहयोग से क्षेत्र में फ्लैग मार्च सहित आवश्यक पुलिस व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी।
प्रशासन का उद्देश्य स्पष्ट है—मतदाता निर्भय होकर मतदान केंद्र तक पहुंचे और चुनाव प्रक्रिया में किसी भी प्रकार का दबाव या व्यवधान पैदा न हो।
आचार संहिता तोड़ी तो होगी निगरानी और कार्रवाई
नगर पालिका चुनाव के मद्देनजर लागू आदर्श आचार संहिता की पालना पर भी विशेष निगरानी रखी जाएगी।
नगर पालिका शाहपुरा के अधिशाषी अधिकारी पुरुषोत्तम पंवार को आदर्श आचार संहिता की पालना एवं शिकायत निस्तारण की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनके स्तर से प्राप्त शिकायतों की जांच, मॉनिटरिंग और उनके निस्तारण की कार्रवाई की जाएगी।
यानी चुनावी माहौल में कौन क्या कर रहा है, कहां नियम टूट रहे हैं और किसकी शिकायत पहुंच रही है—इस पर प्रशासन की नजर रहेगी।

कचरा गाड़ियों से भी गूंजेगा मतदान का संदेश
मतदाता जागरूकता को लेकर प्रशासन ने स्थानीय स्तर पर अनूठी पहल की तैयारी की है। नगर पालिका के कचरा संग्रहण वाहनों के माध्यम से मतदान जागरूकता के संदेश प्रसारित करवाए जाएंगे।
यानी शहर की गलियों में रोजाना घूमने वाली कचरा संग्रहण गाड़ियां अब सिर्फ स्वच्छता का संदेश ही नहीं देंगी, बल्कि लोगों को लोकतंत्र के महापर्व में मतदान करने के लिए भी प्रेरित करेंगी।
स्वीप अभियान से बढ़ेगा मतदान प्रतिशत
मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी महेश कुमार व्यास के निर्देशन में स्वीप कार्यक्रम के तहत विद्यालयों, महाविद्यालयों एवं अन्य संस्थानों में निर्वाचक साक्षरता क्लब की गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है।
इन गतिविधियों का उद्देश्य विशेष रूप से युवाओं और नए मतदाताओं को मतदान प्रक्रिया से जोड़ना तथा अधिक से अधिक पात्र नागरिकों को मतदान के लिए प्रेरित करना है।
प्रशासन का जोर इस बात पर है कि मतदान केंद्र तक मतदाता पहुंचे और शाहपुरा का मतदान प्रतिशत बढ़े।
हर बूथ पर फर्स्ट एड और व्हीलचेयर की व्यवस्था
चुनाव के दौरान मतदाताओं की सुविधा और स्वास्थ्य सुरक्षा को भी ध्यान में रखा गया है। चिकित्सा विभाग की ओर से डॉ. अमित गुप्ता को सभी मतदान केंद्रों पर फर्स्ट एड बॉक्स एवं व्हीलचेयर उपलब्ध करवाने की जिम्मेदारी दी गई है।
मतदान दिवस पर आवश्यकता पड़ने की स्थिति में एम्बुलेंस की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए भी आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।
इससे बुजुर्ग, दिव्यांग एवं जरूरतमंद मतदाताओं को मतदान के दौरान परेशानी होने पर तत्काल सहायता मिल सकेगी।
ईवीएम से लेकर प्रशिक्षण तक—तैयारियों पर फोकस
चुनाव में तैनात होने वाले मतदान दलों के प्रशिक्षण को भी अहम जिम्मेदारी माना गया है। मतदान दलों के प्रशिक्षण की जिम्मेदारी अधिशाषी अधिकारी पुरुषोत्तम पंवार एवं विजय सिंह नरूका को सौंपी गई है।
प्रशिक्षण के दौरान ईवीएम के संचालन की विस्तृत जानकारी के साथ-साथ प्रायोगिक प्रशिक्षण पर विशेष जोर रहेगा, ताकि मतदान के दिन किसी प्रकार की तकनीकी अथवा प्रक्रियात्मक परेशानी सामने नहीं आए।
ईवीएम की व्यवस्था की जिम्मेदारी तहसीलदार रणवीर सिंह एवं नायब तहसीलदार रामप्रसाद बलाई को दी गई है।
कंट्रोल रूम रहेगा एक्टिव, हेल्प डेस्क भी होगी
निर्वाचन से जुड़ी सूचनाओं के त्वरित संकलन और संप्रेषण के लिए उपखंड कार्यालय में निर्वाचन नियंत्रण कक्ष निरंतर संचालित रहेगा।
कंट्रोल रूम के माध्यम से चुनाव से संबंधित सूचनाओं की रिपोर्टिंग एवं आवश्यक समन्वय किया जाएगा। साथ ही मतदाताओं एवं आमजन की सहायता के लिए हेल्प डेस्क की व्यवस्था भी रहेगी।
मतगणना स्थल पर सीसीटीवी की निगरानी
चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए मतगणना स्थल पर सीसीटीवी व्यवस्था की जाएगी। वहीं मतगणना स्थल पर निर्बाध इंटरनेट कनेक्टिविटी उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी बीएसएनएल को सौंपी गई है।
इस व्यवस्था का उद्देश्य मतगणना से जुड़ी गतिविधियों में पारदर्शिता और आवश्यक तकनीकी सुविधाएं सुनिश्चित करना है।
लापरवाही हुई तो अधिकारी होंगे व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार
बैठक में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सबसे कड़ा संदेश उनकी जिम्मेदारियों को लेकर दिया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सौंपे गए चुनावी कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही, शिथिलता अथवा उदासीनता सामने आने पर संबंधित अधिकारी-कर्मचारी व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होंगे।
सभी प्रकोष्ठों के प्रभारी अधिकारियों को अपने-अपने कार्यों की दैनिक प्रगति एवं समीक्षा रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
अब चुनावी मैदान में प्रशासन भी पूरी तरह तैयार
शाहपुरा में राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों के बीच चुनावी घमासान तेज होने के साथ ही प्रशासन ने भी अपनी तैयारियों को अंतिम धार देना शुरू कर दिया है।
एक तरफ वार्डों में प्रत्याशियों की राजनीतिक जोड़-तोड़, बागियों को मनाने और मतदाताओं को साधने की कवायद चल रही है, तो दूसरी ओर प्रशासन ईवीएम, कानून-व्यवस्था, आचार संहिता, प्रशिक्षण, स्वास्थ्य, मतदाता जागरूकता और मतगणना तक हर मोर्चे पर व्यवस्था मजबूत करने में जुटा है।
कुल मिलाकर प्रशासन का संदेश साफ है—
**“चुनाव होगा शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी…
लापरवाही की कोई गुंजाइश नहीं!”**
शाहपुरा नगर पालिका चुनाव 2026 में अब जैसे-जैसे मतदान की तारीख नजदीक आएगी, प्रशासनिक तैयारियों के साथ राजनीतिक गतिविधियां भी और तेज होने की संभावना है।




